विषय-" लॉक डाउन के पॉजिटिव इफ़ेक्ट"
सबसे पहले में अपने देश को नमन करती हूँ जो इतनी मुश्किल घड़ी मेभी डटकर खड़ा है
लॉक डाउन ने हमारी भागदौड़ भरी जिंदगी पर रोक लगा दी इंसान मशीन बनकर रह गया था घर परिवारऔर अपनेआप से भी दूर हो गया था
लॉक डाउन भले ही कठिन परिस्थतियों से लड़ने के लिये किया गया है। लेकिन अपनों का साथ पाकर इंसान सरल हो गया है परिवार के साथ भोजन, साथ में ईश्वर आराधना और हमारे पुराने खेल जो मोबाइल और दौड़ती जिंदगी में पीछे छूट गए थे आज सबसे परिचय हो रहा हरेक रिश्ता अपने आपको समय दे रहा है कोरोना को परिवार के साथ रहकर हम निश्चित मात दे देंगे
इस लॉक डाउन ने बाहरी दुनिया की दुरी भले ही बड़ा दी लेकिन अपनों को तो ये पास में ले आया है वो बच्चे जो बाहर का खाना खाएं बगैर नही रहते थे वो घर का खाना आराम से खा रहे है क्योंकि परिवार के साथ में बैठकर सुखी रोटी भी पकवान होती है मेरे विचार से रफ्तार भरी जिंदगी में ठहराव थोड़ा सुकून पाने को आया है
संगीता दरक माहेश्वरी
सर्वाधिकार सुरक्षित
जीवन के सारे रंग , हौसला और हिम्मत अपनी पुरानी संस्कृति मेरी कविता में देखिये लेख, और शायरी भी पढ़िये ,मेरे शब्द आपके दिल को छू जाये ,और मेरी कलम हमेशा ईमानदारी से चलती रहे आप सब पढ़ते रहिये , और अपनी प्रतिक्रियाओं से अवगत जरूर कराये आपकी प्रतिक्रियाओ से मुझे प्रोत्साहन और मेरी कलम को ऊर्जा मिलेगी 🙏🙏
Showing posts with label इफेक्ट. Show all posts
Showing posts with label इफेक्ट. Show all posts
लॉक डाउन के पॉजिटिव इफेक्ट
Subscribe to:
Comments (Atom)
#अरावली #पर्वत #aravali #mountain #nature
अरावली यह धरती और अम्बर पर्वत पहाड़ नदियाँ समंदर जाने कब कितने दिनों से बिना कुछ लिए, भेदभाव किए जीवन देते हमको भरपूर हम क्या नापें ...
-
क्यों हम कर्म से ज्यादा विश्वास हाथों की लकीरों पर करते है ।आज इसी विषय पर मेरी रचना पढ़िये और सोचिये और अपने कर्मो पर विश्वास रखिये।...
-
नमस्कार दोस्तो आज मेरी रचना का विषय है " माहेश्वरी हैं हम" जी में भगवान महेश से उतपन्न माहेश्वरी समाज की बात कर रही हूँ माहेश्...
-
सच बोले कौआ काटे........ आप सोच रहे होंगे कि मैंने कहावत गलत लिख दी कहावत तो कुछ और है पर वर्तमान में यही कहावत ठीक बैठती है सच में, आ...